September 21, 2020

अपना संस्थान ने भारती भवन में लगाई रसोई की बगिया

पर्यावरण बचाने का दिया संदेश

जयपुर, 21 अगस्त। पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में काम कर रहे अपना संस्थान के कार्यकर्ताओं की ओर से विभिन्न अभियान चलाकर समाज में जागरूकता लाने का प्रयास किया जा रहा है। इसके साथ ही स्वच्छ भारत-स्वस्थ भारत अभियान को जनव्यापी बनाने के लिए भी रसोई की बगिया का प्रयोग शुरू किया है। जयपुर महानगर समेत प्रांत के 12 जिलों में बगिया लगाने का कार्य बड़े पैमाने पर किया जा रहा है। इसी क्रम में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के क्षेत्रीय कार्यालय भारती भवन में रसोई की बगिया लगाई गई।
संघ के अखिल भारतीय गोसेवा प्रमुख शंकरलाल के मार्गदर्शन में संस्थान के कार्यकर्ताओं ने भारती भवन कार्यालय परिसर में बगिया लगाई। जहां गोसेवा प्रमुख ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण व संवर्धन की परिकल्पना प्राचीन काल से ही रही है। इसके बारे में शास्त्रों में भी विस्तार से बताया गया है। ऐसे में वर्तमान परिस्थितियों में सभी को पर्यावरण संरक्षण के लिए कार्य करने की आवश्यकता है। आरएसएस के अखिल भारतीय बौद्धिक शिक्षण प्रमुख स्वांत रंजन ने बगिया में लगाए औषधीय पौधों के महत्व व उपयोग के बारे में जानकारी दी तथा पर्यावरण गतिविधि से जुडऩे का आहृवान किया।

गोबर से बनी गणेश मूर्तियां
इस मौके पर गोसेवा प्रमुख शंकरलाल ने बताया कि गाय के गोबर से दीपक का निर्माण हो रहा है। गोबर से गणेश मूर्तियां का निर्माण भी हो रहा हैं, जो कि इको फ्रेंडली है और विसर्जन के समय पर्यावरण को क्षति नहीं पहुंचाती है। मूर्तियां अलग प्रकार की कलाकृतियों से और रंगों से सजाई जा रही हैं। इस साल करीब एक लाख गोबर से बनी गणेशजी की मूर्तियां बनाने का लक्ष्य लेकर चल रहे हैं। इसके साथ ही गाय के गोबर से अंतिम संस्कार के लिए लकडिय़ां बनाई जा रही है। एक अंतिम संस्कार के लिए करीब 2 पेड की लकडिय़ां लग जाती हैं, लेकिन गोबर से बनी लकडिय़ों से काफी पेड़ बचाए जा सकेंगे।