Tue. Jun 18th, 2019

अब ‘वायु’ का खतरा

  • कई जिलों में स्कूल बंद, अलर्ट पर सेना
  • गुजरात, महाराष्ट्र गोवा व कर्नाटक में चक्रवाती तूफान की आशंका

अहमदाबाद, 12 जून (एजेंसी)। गुजरात में गुरूवार को संभावित तूफान वायु के मद्देनजऱ सरकार ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। इसके चलते गुजरात समेत दमन और द्वीप में गृह मंत्रालय की ओर से तूफान का हाई अलर्ट जारी किया गया है। गुजरात और महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों पर वायु साइक्लोन का खतरा मंडरा रहा है। अरब सागर में दबाव की स्थिति अगले कुछ घंटों में चक्रवात की शक्ल ले सकती है जिसके चलते मौसम विभाग ने 55 से 100 किलोमीटर प्रति घंटे से तेज हवाओं के साथ भारी से भारी बारिश होने की चेतावनी दी है। मौसम विभाग का अनुमान है कि यह चक्रवाती तूफान 13 जून की सुबह पोरबंदर एवं महुआ से होता हुआ वेरावल और दीव के बीच समुद्र पट को पार करेगा। इसको देखते हुए सभी बंदरगाहों पर वॉर्निंग जारी किया गया है। मछुआरों को समुद्र में न जाने का आदेश दिया गया है। प्रशासन को भी अलर्ट पर रखा गया है। सेना और एनडीआरएफ की तैनाती की गई है।
वायु चक्रवात को देखते हुए गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने अधिकारियों के साथ बैठक की, जिसमें पूरे प्रशासन को अलर्ट पर रहने के लिए कहा गया है। वहीं पूरे राज्य में 13 से 15 जून तक 3 दिवसीय शाला प्रवेशोत्सव (स्कूल उत्सव का स्वागत) रद्द कर दिया गया है। चक्रवात को देखते हुए अहमदाबाद, गांधीनगर, राजकोट, भुज, सूरत, भावनगर, अमरेली, सोमनाथ, वेरावल, जामनगर, पोरबंदर और कच्छ जिलों के स्कूलों और कॉलेजों में 13 और 14 जून को छुट्टी का ऐलान किया गया है। मौसम विभाग के बुलेटिन के अनुसार, सुदूर समुद्र में हवा के कम दबाव का क्षेत्र तेजी से बनने के कारण ‘वायु’ के 13 जून को गुजरात के तटवर्ती पोरबंदर और कच्छ क्षेत्र में पहुंचने की संभावना है।

110 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं
मौसम विभाग ने इसके मद्देनजर सौराष्ट्र और कच्छ के तटीय इलाकों में 13 और 14 जून को भारी बारिश होने तथा 110 किमी प्रति घंटे की गति से तूफानी हवाएं चलने की चेतावनी जारी की है. स्थिति की गंभीरता के मद्देनजर गुजरात सरकार ने भी ‘हाई अलर्ट’ जारी करते हुए सौराष्ट्र और कच्छ इलाकों में मंगलवार को सुबह तूफान की आशंका वाले तटीय इलाकों में राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) के जवानों को तैनात किया है।

गृह मंत्री ने की हाई लेवल मीटिंग
इस बीच गृह मंत्री अमित शाह ने चक्रवात से निपटने की तैयारियों की समीक्षा के लिये संबद्ध विभागों के साथ हाई लेवल मीटिंग की। विभाग ने अगले 12 घंटों में चक्रवात के और अधिक गंभीर रूप धारण करने की आशंका व्यक्त करते हुए कहा कि उत्तर की ओर बढ़ता ‘वायु’ 13 जून को सुबह गुजरात के तटीय इलाकों में पोरबंदर से महुवा, वेरावल और दीव क्षेत्र को प्रभावित करेगा। इसकी गति 115 से 130 किमी प्रति घंटा तक हो सकती है। इसके बाद तूफानी हवाओं की गति कम होनी शुरु हो जायेगी।

35000 लोगों को किया गया शिफ्ट
गुजरात के पोरबंदर जिले के 74 गांव के 35000 हजार लोगों को गांव से बाहर सुरक्षित स्थान पर भेज दिया गया है। पोरबंदर मं एनडीआरएफ की 3 टीम तैनात की जाएंगी। बुलेटिन के अनुसार चक्रवात के दौरान कच्छ, देवभूमि द्वारका, पोरबंदर, जूनागढ़, दीव, गीर सोमनाथ, अमरेली और भावनगर जिलों के तटीय क्षेत्र में एक से डेढ़ मीटर ऊंची समुद्री लहरें उठने की आशंका है।

राजस्थान में कुछ राहत

बदला मौसम का मिजाज , दो तीन डिग्री लुढ़का पारा

सांध्य ज्योति संवाददाता
जयपुर, 12 जून। प्रदेश में मंगलवार शाम बदले मौसम के मिजाज ने गर्म हो चले पारे के मिजाज को थोड़ा ठंडा कर दिया। राजधानी जयपुर समेत कई इलाकों में शाम के बाद तापमान में दो से तीन डिग्री तक हुई गिरावट ने गर्मी के तीखे तेवर थोड़े नर्म कर दिए। हालांकि पश्चिमी जिलों में अब भी भीषण लू का दौर चल रहा है और अगले 24 घंटे में भी कुछ इलाकों में गर्मी के तेवर तीखे रहने का अंदेशा मौसम केंद्र ने जताया है। फिलहाल प्रदेश के उत्तर पूर्व के कुछ भागों में लू का दौर खत्म होने की उम्मीद मौसम वैज्ञानिकों ने जताई है। मंगलवार दोपहर बाद जयपुर में मेघ छाए और परकोटा क्षेत्र समेत शहर के कुछ बाहरी इलाकों में छितराई बौछारें गिरी।