October 20, 2020

गुलाब की खेती करने का क्या है सही तरीका?

किसी को इंप्रेस करना हो, मनाना हो या घर को सजाना हो, तो इसके लिए लोग फूल का इस्तेमाल खूब करते हैं। बाजार में भी हर चौक-चौराहे पर फूल विक्रेता मिल जाएंगे। क्या आम क्या खास, हर तबके के लोग गुलाब खरीदते दिखते हैं। त्योहार और शादियों में भी गुलाब की मांग सबसे अधिक रहती है। इसी वजह से कई किसान गुलाब की खेती कर रहे हैं। गुलाब की खेती से हमारे किसान भाइयों को फायदा भी हो रहा है। किसान भाई इससे लाखों की कमाई कर रहे हैं। तो आइए जानते हैं गुलाब की उन्नत खेती करने का तरीका…

खेती के लिए सही समय
आजकल गुलाब का प्रयोग अधिकतर चीजों में हो रहा है। लोग अपनी त्वचा को खुशनुमा रखने के लिए गुलाब जल का उपयोग करते हैं। यही वजह है कि गुलाब अधिकतर लोगों की पसंद बन चुका है। अगर बात करें गुलाब की खेती की, तो गुलाब की खेती सर्दी के दिनों में उत्तर और दक्षिण भारत के मैदानी और पहाड़ी इलाकों में ज्यादा होती है। इसकी खेती के लिए तापमान करीब 25 से 30 डिग्री सेंटीग्रेड और रात में तापमान 12 से 14 डिग्री सेंटीग्रेड बढिय़ा माना जाता है।

गुलाब की किस्में
विश्वभर में गुलाब की 20 हजार से ज्यादा किस्में मौजूद हैं। लेकिन कुछ ही किस्में अच्छी माना जाती हैं। इनमें राजहंस, जवाहर, बिरगो, गंगा सफेद, मृगालिनी गुलाबी, मन्यु डिलाइट नीला, मोटेजुमा, फलोरीवंडा समूह की चंद्रमा सफेद, गोल्डन टाइम्स पीला व जगुआर, बटन गुलाब समूह की क्राई-क्राई, देहली स्कारलेट, लता गुलाब समूह के देहली व्हाइट, पर्ल और डीरथा पर्मिन शामिल हैं।

ऐसे तैयार करें पौधे
गुलाब के कलम को क्यारी में 15 सेंटीमीटर की दूरी पर लगाया जाता है। जब इसके शाखाएं निकलने लगती है, तो उन्हें हटा दी जाती है। इसके बाद अच्छी किस्म के गुलाब की टहनी लगा दें और पॉलीथिन में उन्हें ऊपर तक कसकर बांध दें। इसमें उर्वरक मिली मिट्टी भरी रहती है। राजस्थान का एक किसान जो पढ़ाई-लिखाई कर गुलाब की खेती से हर साल 40-45 लाख रुपए कमा रहा है। खेती के लिए उसने इंफोसिस की नौकरी तक छोड़ दी।