September 21, 2020

घर के मंदिर में कम ही रखें मूर्तियां

घर में मंदिर में कम मूर्तियां ही रखनी चाहिए। क्योंकि हर भगवान से जुड़े नियम अलग होते हैं। सभी का नियम पालन होना संभव नहीं हो पाता है। इससे पूजा सफल नहीं हो पाती है।

विषम संख्या में नहीं हो गणेश की मूर्तियां
पूरे देश में गणेश उत्सव चल रहा है और आज गणेश जी का विसर्जन होगा। कई बार देखा गया है कि लोग अपने घरों में एक से ज्यादा गणेश जी की मूर्तियां रखते हैं। लेकिन भगवान गणपति की मूर्तियां सम योग में ही होनी चाहिए। यानी घर में 2, 4 और 6 जैसी संख्याओं में ही गणेश जी मूर्तियां रखनी चाहिए। उज्जैन के ज्योतिषाचार्य पं. मनीष शर्मा की माने तो कि घर में जो मंदिर होते हैं उनमें गणेश जी का होना अत्यंत शुभ होता है। लेकिन हमेशा इस बात का ध्यान रखें कि घर के मंदिर में गणेश जी की 3, 5, 7 या 9 जैसी विषम संख्या में प्रतिमाएं रखी नहीं होनी चाहिए। हमेशा गणेश जी की प्रतिमाएं सम संख्या में ही होनी चाहिए।

अंगूठे के पहले भाग से बड़ा नहीं हो शिवलिंग
अगर आपके घर में शिवलिंग है तो उसके लिए भी कुछ नियम है। शिवलिंग हमारे अंगूठे के पहले भाग से बड़ा नहीं होना चाहिए। शिवलिंग असीमित ऊर्जा का प्रतीक है। घर में बड़ा शिवलिंग नहीं रखना चाहिए। बड़ा शिवलिंग केवल मंदिरों के लिए ही शुभ होता है। इसके अलावा कभी भी घर में दुर्गा जी की 3 मूर्तियां नहीं रखनी चाहिए। अगर आप चाहें तो अपने घर के मंदिर तीन से कम या ज्यादा देवी मां की मूर्तियां रख सकते है। घर के मंदिर में हनुमानजी की केवल एक ही मूर्ति होनी चाहिए। इनकी पूजा के लिए भी नियम हैं जिनका पालन करना चाहिए।

बिना प्राण-प्रतिष्ठा के ही रख सकते है बाल गोपाल
घर के मंदिर में बाल गोपाल की केवल एक ही मूर्ति होनी चाहिए। वहीं, श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप की प्रतिमा के लिए प्राण-प्रतिष्ठा की भी जरूरत नहीं होती है। वह स्वयं ही सिद्ध मानी जाती है। इसे बिना प्राण-प्रतिष्ठा के ही घर में रखा जा सकता है।