September 23, 2020

जयपुरिया को फिर कोविड सेंटर बनाने की तैयारी

स्थनीय लोगों ने जताया विरोध

सांध्य ज्योति संवाददाता
जयपुर, 3 सितम्बर। राजधानी में बढ़ते कोरोना मरीजों के आंकड़ों को देखते हुए सरकार ने एक बार फिर मालवीय नगर जयजवान कॉलोनी के पास स्थित जयपुरिया अस्पताल जयपुरिया अस्पताल को कोविड केयर सेंटर बनाने का निर्णय किया है। सरकार के इस फैसले पर स्थानीय निवासियों ने नाराजगी जताई है। लोगों का कहना है कि इस अस्पताल में कोरोना के अलावा अन्य दूसरी बीमारियों से पीडि़त मरीजों का इलाज मिलता है। यहां प्रतिदिन सैंकड़ों की संख्या में ओपीडी में लोग दिखाने आते है। इसके अलावा हर माह बड़ी संख्या में ऑपरेशन भी होते है।
इससे पहले जब लॉकडाउन लगा था तब भी इस अस्पताल को कोविड सेंटर बनाया था। उस समय भी दूसरी बीमारी से ग्रस्ति मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। लेकिन स्थानीय लोगों व जनप्रतिनिधियों के विरोध के बाद इसे सामान्य अस्पताल में तब्दील किया गया था। लोगों का कहना है कि राजधानी जयपुर में सवाई मानसिंह अस्पताल के बाद जयपुरिया ही दूसरा बड़ा सरकारी अस्पताल है, जहां गरीब मरीज नि:शुल्क या कहे सस्ती दरों पर इलाज करवाने आते है।

एसएमएस अस्पताल पर बढ़ेगा भार
लोगों का कहना है कि वर्तमान में यदि जयपुरिया अस्पताल को दूसरे मरीजों के लिए बंद कर दिया तो इसका प्रभाव सवाई मानसिंह अस्पताल पर देखने को मिलेगा। क्योंकि मालवीय नगर, जगतपुरा, प्रताप नगर, सांगानेर, दुर्गापुरा, मानसरोवर सहित आस-पास के कई क्षेत्रों के लोग अन्य बीमारी के उपचार के लिए जयपुरिया अस्पताल ही जाते है। जयपुरिया अस्पताल को वापस कोविड केयर सेंटर बनाने का निर्णय की अस्पताल प्रशासन को सूचना दे दी है। अस्पताल प्रशासन के अनुसार अगले कुछ दिनों में यहां से डिस्चार्ज होने लायक मरीजों को छुट्टी दी जाएगी। वहीं अन्य मरीजों को एसएमएस या अन्य सरकारी अस्पतालों में शिफ्ट किया जाएगा।