September 21, 2020

जयपुर की शान जयगढ़ किला

जयगढ़ किला महाराजा जय सिंह ने 18वीं सदी में बनवाया था और यह शानदार किला जयपुर में अरावली की पहाडिय़ों पर स्थित है। विद्याधर नाम के वास्तुकार ने इसका डिज़ाइन बनाया था और इस किले को जयपुर शहर की समृद्ध संस्कृति को दर्शाने के लिए बनवाया गया था। इस किले के उंचाई पर स्थित होने के कारण इससे पूरे जयपुर शहर को देखा जा सकता है। इस विशाल महल को शाही परिवार रहने के लिए भी इस्तेमाल करते थे। बड़ी-बड़ी दीवारों के कारण यह किला हर ओर से अच्छी तरह सुरक्षित है। यहां एक शस्त्रागार और योद्धाओं के लिए एक हॉल के साथ एक संग्रहालय है, जिसमें पुराने कपड़े, पांडुलिपियां, हथियार और राजपूतों की कलाकृतियां हैं। इसके मध्य में एक वॉच टॉवर है जिससे आसपास का खूबसूरत नज़ारा दिखता है। पास ही में स्थित आमेर किला जयगढ़ किले से एक गुप्त मार्ग के जरिए जुड़ा है। इसे आपातकाल में महिलाओं और बच्चों को निकालने के लिए बनाया था। आमेर किले में पानी की आपूर्ति के लिए इसके केंद्र में एक जलाशय भी है।

छिपा है रहस्यमयी खजाना
जयगढ़ किले के पीछे एक समृद्ध इतिहास है। यह मुख्य रुप से राजाओं की आवासीय इमारत था, लेकिन बाद में इसका इस्तेमाल शस्त्रागार के तौर किया जाने लगा। मुगल काल में जयगढ़ किला राजधानी से 150 मील दूर था इसी कारण यह हथियारों, गोला बारुद और युद्ध की अन्य जरुरी सामग्रियों के भंडार करने की जगह भी बन गया। इसकी देखरेख दारा शिकोह करते थे, लेकिन औरंगजेब से हारने के बाद यह किला जयसिंह के शासन में आ गया और उन्होंने इसका पुनर्निमाण करवाया। इस किले के इतिहास से जुड़ी एक और रोचक कहानी है। लोककथाओं के अनुसार, शासकों ने इस किले की मिट्टी में एक बड़ा खजाना छुपाया था। हालांकि एैसे खजाने को कभी बरामद नहीं किया जा सका। कहा ये जाता है कि भारत सरकार ने 60 से 70 में यहां से बड़ी मात्रा में वह खजाना भी बरामद किया था।

यहां है दुनिया की सबसे बड़ी तोप
बनावट के हिसाब से यह किला बिलकुल अपने पड़ोसी किले आमेर किले के जैसा दिखता है जो कि इससे 400 मीटर नीचे स्थित है। विक्ट्री फोर्ट के नाम से भी प्रसिद्ध यह किला 3 किलोमीटर लंबा और 1 किलोमीटर चैड़ा है। इस किले की बाहरी दीवारें लाल बलुआ पत्थरों से बनी हैं और भीतरी लेआउट भी बहुत रोचक है। इसके केंद्र में एक खूबसूरत वर्गाकार बाग मौजूद है। इसमें बड़े बड़े दरबार और हॉल हैं जिनमें पर्देदार खिड़कियां हैं। इस किले में दुनिया की सबसे बड़ी तोप भी है। कहते है कि एक बार इस तोप से जयपुर के दक्षिण छोर तरफ गोला दागा गया था, जिस जगह वह गोला गिरकर फटा था वहां बाद में एक बड़ी झील का निर्माण हुआ।

यहां कैसे पहुंचें
जयगढ़ किले तक जयपुर से सड़क से आसानी से पहुंचा जा सकता है। अपनी सुविधा अनुसार आप टैक्सी या कैब ले सकते हैं। इसके अलावा राज्य सरकार की रोडवेज बसें भी उपलब्ध हैं। इस किले के भ्रमण के साथ-साथ आप यहां बने दो अन्य किले नाहरगढ़ किला और आमेेर किला को भी अपने ट्यूर पैकेज में शामिल करवा सकते है।