Fri. Jul 3rd, 2020

नासा का लूनर लू चैलेंज

चांद पर टॉयलेट कैसा हो? बताओ और इनाम जीतो

मुंबई, 29 जून (एजेंसी)। चांद पर एक कदम और आगे बढ़ाने के लिए नासा ने एक अनूठी प्रतियोगिता का आयोजन किया है। इसके लिए उसने दुनियाभर के वैज्ञानिकों और इंजीनियरों को चांद पर उसके स्थाई बेस के लिए टॉयलेट की डिजाइन बनाने का चैलेंज दिया है। बेस्ट डिजाइन को नासा की ओर से इनाम भी दिया जाएगा। नासा अपने आर्टेमिस मिशन के तहत चांद पर 2024 तक बेस तैयार करने की योजना पर काम कर रहा है, इसके लिए उसे चांद पर टॉयलेट की जरुरत पड़ेगी यही वजह है कि वह इसके लिए इनोवेटिव डिजाइन चाहता है। जो भी व्यक्ति इस तरह की कवायद करने में सफल हो जाता है नासा की ओर से उसे 26.5 लाख का इनाम दिया जाएगा। चांद पर पृथ्वी की तरह गुरुत्वाकर्षण बल नहीं है, ऐसे में वहां हर चीज स्पेस में ही घूमती रहती है, यही वजह है कि ये काम नासा के लिए भी चुनौती बना हुआ है। अपोलो मिशन के दौरान अंतरिक्ष यात्री एडल्ट डाइपर्स का लू के लिए इस्तेमाल करते थे और उन्हें बैग्स में रखते थे। अब यूएस स्पेस एजेंसी अब चांद की सतह पर अंतरिक्ष यात्रियों के लिए एक टॉयलेट की डिजाइन चाहती है जो कि चांद के गुरुत्वाकर्षण के बीच काम कर सके। इस इनोवेशन के लिए नासा 35 हजार डॉलर का ऑफर दे रहा है। टायलेट डिजाइन सबमिट करने की अंतिम तारीख 17 अगस्त शाम 5 बजे तक है। टॉयलेट को माइक्रोगे्रविटी और लूनर ग्रेविटी में काम करना चाहिए।इसका द्रव्यमान पृथ्वी के गुरुत्वाकर्षण में 15 किलो से कम होना चाहिए।