Thu. Dec 12th, 2019

परिणामों से कांग्रेस को बड़ी राहत

  • राजस्थान में निकाय चुनाव के लिए मतगणना जारीे
  • भाजपा को उम्मीद के अनुसार कामयाबी नहीं
  • कई स्थानों पर निर्दलीयों ने भाजपा – कांग्रेस को पछाड़ा

सांध्य ज्योति संवाददाता
जयपुर, 19 नवम्बर। राजस्थान के 49 नगर निकायों में 2,000 से अधिक पार्षदों पदों के लिए हुए मतदान के नतीजे आज सुबह मतगणना के साथ ही मिलने लगे हैं। हालांकि पूरी तस्वीर देर शाम तक साफ हो पाएगी लेकिन नतीजों और रुझानों से सामने आया कि शहरी सरकार के लिए इस बार पहली पसंद कांग्रेस रही है जो सत्तारूढ़ पार्टीा के लिए राहत देने वाली है। । भाजपा को उम्मीद के अनुसार सफलता नहीं दिख रही है। हालांकि कई निकायों में निर्दलियों ने कांग्रेस और भाजपा के गणित भी बिगाड़ दिया है। अभी तक आए नतीजों के अनुसार, आमेट, माउंट आबू, कैथून में कांग्रेस का बोर्ड बनना तय माना जा रहा है. वहीं दौसा-महुआ नगरपालिका के परिणाम चौंकाने वाले हैं। यहां की जनता ने बीजेपी-कांग्रेस को नकारने हुए निर्दलीय प्रत्याशी को अपनी पसंद बनाया है। जैसलमेर में 45 में से 21 वार्डों पर कांग्रेस ने जीत हासिल की है। डीडवाना के 40 वार्डों में कांग्रेस को बहुमत मिला है। कांग्रेस के 25 प्रत्याशियों ने जीत दर्ज की है। दस निर्दलीय प्रत्याशी भी जीतकर आए हैं। भाजपा 5 सीटों पर सिमटी है। इसी तरह चित्तौडग़ढ़ नगरपरिषद पर कांग्रेस का कब्जा हो गया है। 24 वार्ड में भाजपा और 36 वार्डों में कांग्रेस ने जीत का परचम लहराया है। खाटूश्यामजी में भाजपा का बोर्ड बनना तय हो गया है। पिलानी नगरपालिका में उल्टा नजारा दिखा। वहां निर्दलीय प्रत्याशी जनता की पसंद बने हैं और 35 में से 31 वार्डों में निर्दलीय जीत हैं। भाजपा को 2 व कांग्रेस को 2 सीटे मिली है। सिरोही में कांग्रेस को 22 तो बीजेपी को 9 सीट मिली हैं। सिरोही नगर परिषद में कांग्रेस का बोर्ड बनना तय माना जा रहा है।

सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त
मतगणना के दौरान सुरक्षा व अन्य बंदोबस्त कर लिए गए हैं। उल्लेखनीय है कि राज्य में तीन नगर निगमों, 18 नगर परिषद और 28 नगरपालिकाओं यानी 49 निकायों में सदस्य पार्षद पद के लिए शनिवार को मतदान हुआ था। चुनाव में कुल 71.53 फीसदी मतदाताओं ने अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया। इन 49 निकायों में कुल 2,105 वार्डों में चुनाव होना था जिनमें से 14 वार्डों में पार्षद निर्विरोध चुने जा चुके है। बाकी 2,081 वार्ड में 7,942 उम्मीदवार अपना चुनावी भाग्य आजमा रहे हैं जिनमें 2,832 महिलाएं और 5,109 पुरुष प्रत्याशी शामिल हैं। तय कार्यक्रम के अनुसार नगर निकायों में अध्यक्ष पद के लिए चुनाव 26 नवंबर और उपाध्यक्ष पद के लिए 27 नवंबर को करवाया जाएगा।

प्रत्याशियों को बाहर भेजा
उधर कांग्रेस और भाजपा ने सोमवार को प्रमुख निकायों में अपने-अपने वार्ड पार्षद प्रत्याशियों को इक_ा कर किसी होटल, रेसार्ट या अन्य स्थान पर भेज दिया। इसी तरह कई जगह निर्दलीय प्रत्याशियों की बैठकें भी हो रही हैं ताकि किसी भी तरह का समीकरण बनने पर साथ मिलकर एक राय तय की जा सके। श्रीगंगानगर में भाजपा द्वारा अपने पार्षद प्रत्याशियों को पड़ोसी राज्य हरियाणा में एक फार्म हाउस में भेजे जाने की खबर है हालांकि पार्टी के स्थानीय नेता इस बारे में टिप्प्णी से बचते रहे। भाजपा के प्रदेश मीडिया प्रभारी विमल कटियार ने कहा कि परिणाम के बाद कांग्रेस सत्ता का दुरुपयोग करते हुए कुछ गड़बड़ न कर पाए इसलिए कुछ जगह ऐहतियातन ऐसी व्यवस्था की गई है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस भी अपने पार्षद प्रत्याशियों के लिए ऐसा कर रही है। इधर, कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता ने कहा कि परिणाम के बाद ही समीकरण बनेंगे और स्थानीय स्तर पर नीति तय होगी। निकाय चुनाव को लेकर अधिक उत्सकुता इसलिए है क्योंकि अगले कुछ ही महीने में राज्य में पंचायत चुनाव भी होने हैं।