October 23, 2020

मुसीबत के मारे, एक हुए सारे

यात्रीभार बढ़ाने के लिए एयरलाइंस कंपनियों ने अपनाया पूलिंग सिस्टम

सांध्य ज्योति संवाददाता
जयपुर, 6 अक्टूबर। कोरोना काल में यात्री भार के लिये जूझ रही एयरलाइंस कंपनियों ने दशहरे और नवरात्रा के मौके को भुनाने तथा अपने घाटे की पूर्ति के लिये प्रतिस्पर्धा को त्याग दिया है। एयरलाइंस कपंनियों ने अघोषित रूप से पूलिंग सिस्टम अपना लिया है। इससे यात्रियों को दशहरे और नवरात्रा पर कम दामों में टिकट मिलने के आसार हैं। कोरोना काल में एयरलाइंस कंपनियां यात्रियों के लिए तरस रही थी। देश के सभी एयरपोर्ट पर रोजाना फ्लाइट्स रद्द होने का सिलसिला आम हो रहा है। आने वाला मौसम त्यौहारों का है। इसी मौके को भुनाने और यात्रियों को अपनी तरफ आकर्षित करने के लिए एयरलाइंस कंपनियों ने पूलिंग सिस्टम को अपनाया है। हालांकि इस सिस्टम को अनपाने के लिये कंपनियों ने कोई लिखित करार नहीं किया है लेकिन अगर त्योहार के एक दिन पहले की ऑन लाइन टिकट बुकिंग की रेट्स पर नजर डालें तो खुलासा हो जायेगा।

यह है पूलिंग सिस्टम
कोरोना काल से पहले अगर किसी यात्री को जयपुर से कोलकाता जाना होता था तो इसके लिए अलग अलग एयरलाइंस कंपनियों की हवाई टिकट के अलग अलग दाम हुआ करते थे। मसलन इंडिगो जयपुर से कोलकाता के 5 हजार लेती थी। स्पाइसजेट 4500 और एयर एशिया 3 हजार। अब किसी भी एयरलाइंस से किसी भी शहर के लिए टिकट लेंगे तो सभी का किराया एक जैसा मिलेगा।

त्यौहारों पर एक जैसे रेट्स
अगर त्यौहार से एक दिन पहले की तारीख पर ऑनलाइन टिकट की बुकिंग के लिए नजर डाले तो पता चलेगा कि सभी एयरलाइंस कंपनियों ने टिकट के दाम कमोबेश एक रखे हैं। 16 अक्टूबर को नवरात्रि स्थापना है और जयपुर से अलग अलग एयरलाइंस की 5 फ्लाइट कोलकाता के लिए उड़ान भरती हैं। इन में से गो-एयर का किराया 5378, इंडिगो की तीनों फ्लाइट का किराया 5380 और स्पाइसजेट का किराया भी उसी तारीख को 5380 रुपये है।

फ्लाइट्स का शिड्यूल भी बढ़ाया
सितंबर महीने में यात्रीभार में भी बढ़ोतरी हुई और फ्लाइट्स का शिड्यूल भी बढ़ाया गया है। अब त्यौहार के मौके पर यात्रियों को लुभाने की ये कोशिश कितनी कारगर होती ये टिकटों की हाउस फुल बुकिंग होने पर ही पता चल पाएगा।