Tue. Jun 18th, 2019

राजकीय बीडीएम अस्पताल में उपचार के दौरान महिला की मौत, परिजनों ने किया हंगामा

चिकित्सकों पर लगाया लापरवाही का आरोप

कोटपूतली (निसं.)। कस्बे के राजकीय बीडीएम अस्पताल में मंगलवार को उपचार के दौरान एक महिला की मौत हो गई। इस पर परिजनों ने चिकित्सकों पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए वार्ड में ही शव को रखकर हंगामा करने लग गए। परिजनों द्वारा चिकित्सकों के खिलाफ ईलाज में लापरवाही का मामला दर्ज करने व बीडीएम अस्पताल के अलावा अन्य चिकित्सकों से पोस्टमार्टम करवाने की मांग पर सहमति बन जाने के बाद परिजनों ने शव उठाया। बाद में मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम होने व दोषी चिकित्सकों के खिलाफ लापरवाही का मामला दर्ज होने के बाद मामला शांत हुआ। उल्लेखनीय है कि हांसियावास निवासी श्रवण देवी पत्नि महाराम गुर्जर की तबीयत खराब होने पर उसे सोमवार को राजकीय बीडीएम अस्पताल के मेडिकल वार्ड में भर्ती कराया गया था। परिजनों के अनुसार महिला को बुखार था।

विरोध के बाद पहुंचे डॉक्टर
मंगलवार को सुबह सवा 8 बजे महिला की तबीयत ज्यादा खराब होने पर परिजन इमरजेंसी में गए। जहां चिकित्सकों ने ईलाज ना करते हुए कभी 10 नंबर कमरे में जाने को कहा तो कभी कहा कि मरीज को वार्ड वाले ही संभालेंगे। सीनियर चिकित्सक डॉ. नरेश छीपी को जब ईलाज के लिए कहा गया तो उन्होंने कहा मेरी जिम्मेदारी नहीं है। परिजनों के अनुसार वहां मौजूद मेडिकल चिकित्सक डॉ. छीपी, डॉ. देवेन्द्र शर्मा व डॉ. सुगन चंद द्वारा समय पर ईलाज नहीं किए जाने के कारण महिला की मौत हुई है। ईलाज के अभाव में महिला द्वारा दम तोड़ दिए जाने के बाद परिजनों ने अस्पताल के वार्ड में हंगामा खड़ा कर दिया। हंगामें की सूचना पर वार्ड में पहुंचे चिकित्सकों के साथ ग्रामीणों व परिजनों ने धक्का मुक्की की। सूचना पर पहुंची पुलिस ने उच्चाधिकारियों को इत्तला दी। इस पर भारी पुलिस जाब्ते के साथ पहुंचे पुलिस अधिकारियों ने परिजनों से समझाइश की। परिजनों का आरोप था कि यदि समय पर महिला का ईलाज हो जाता तो उसकी जान बचाई जा सकती थी।

यह की मांग
परिजनों ने पुलिस के समक्ष लापरवाह चिकित्सकों के खिलाफ मामला दर्ज करने व मृतका का पोस्टमार्टम बीडीएम अस्पताल के अलावा अन्य चिकित्सकों से करवाने की मांग की। जिस पर डीएसपी दिनेश यादव ने उच्चाधिकारियों से चर्चा करते हुए दोनों मांगों पर सहमति जताई। जिस पर मृतका का मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों को सौंप और पुलिस ने महाराम द्वारा दी गई रिपोर्ट पर का मामला दर्ज किया।