November 24, 2020

रूझान : बिहार में फिर एनडीए सरकार के आसार

  • तेजस्वी से आगे निकले नीतीश
  • 47 सीटों पर 100 वोट से कम मतों है अंतर

टना/नई दिल्ली, 10 नवम्बर (एजेंसी)। बिहार में मंगलवार का दिन फैसले का है। माना जा रहा है कि दोपहर 3 बजे तक स्पष्ट हो जाएगा कि नीतीश कुमार और तेजस्वी यादव में से किसके पास राज्य की कमान होगी। 7 नवंबर को मतदान का आखिरी चरण संपन्न होने के बाद आए एग्जिट पोल में राष्ट्रीय जनता दल की अगुआई में पांच दलों के महागठबंधन की सरकार बनने की संभावना जताई गई थी। हालांकि समाचार लिखे जाने तक एनडीए आगे चल रहा था। मंगलवार एक बजे तक सभी 243 सीटों के रुझान आ चुके थे। इसमें जनता दल यूनाइटेड और भारतीय जनता पार्टी गठबंधन 128 सीटों पर तो वहीं राजद की अगुआई वाला महागठबंधन 103 सीटों पर आगे था। वहीं लोक जनशक्ति पार्टी 4 सीट और 3 अन्य सीटों पर आगे थे। मौजूदा आंकड़ों से तो लग रहा है कि बिहार में फिर से एनडीए की सरकार बनेगी। वहीं अंतिम परिणामों में हेरफेर होता है और अगर किसी पार्टी को बहुमत नहीं मिलता है तो निर्दलीय अहम भूमिका निभा सकते हैं। अगर कोई पार्टी सरकार नहीं बना पाएगी तो राज्य में राष्ट्रपति शासन लगा दिया जाएगा।

लालू के एक लाल पिछड़े
लालू के छोटे बेजे तेजस्वी यादव राघोपुर सीट से आगे चल रहे हैं। जबकि बड़े बेटे तेज प्रताप यादव हसनपुर सीट से पीछे चल रहे हैं। दानापुर से राजद के रीतलाल यादव आगे चल रहे हैं। बाहुबली अनंत सिंह मोकामा सीट से आगे चल रहे हैं। पप्?पू यादव मधेपुरा में और राजद के अब्?दुल बारी सिद्दकी पीछे चल रहे हैं। नीतीश सरकार के मंत्री जय कुमार सिंह और संतोष कुमार निराला अपने प्रतिद्वंद्वियों से पीछे चल रहे हैं। परसा से जदयू के उम्मीदवार तेज प्रताप यादव के ससुर और लालू प्रसाद के समधी चंद्रिका राय पीछे चल रहे हैं। जमुई से श्रेयसी सिंह आगे चल रही हैं।

दावा बेअसर हुआ
मतदान के बाद आए एग्जिट पोल में दावा किया जा रहा है कि एनडीए 104 से 128 सीटों पर जीत दर्ज कर सकता है तो वहीं महागठबंधन के खाते में 130 सीटें तक आ सकती हैं। एबीपी सी वोटर सर्वे में जदयू की 38 से 46 सीटें तक आ सकती हैं वहीं बीजेपी की 55-74 सीटें आ सकती है। अगर ऐसा होता है तो एनडीए और राजद की अगुआई वाला महागठबंधन दोनों ही बहुमत के मैजिक नंबर से पीछे रह जाएंगे और फिर हंग असेंबली की स्थिति में निर्दलीयों की भूमिका बढ़ जाएगी।

जदयू को पीछे छोड़कर आगे निकली बीजेपी
बिहार विधानसभा चुनाव में अब तक के रुझानों को देखते हुए ऐसा लगता है कि भाजपा जेडीयू गठबंधन में भी भाजपा से आगे दिखाई दे रही है। भाजपा 71 और जेडीयू 46 सीट पर आगे चल रही है। इस कोशिश में वो लंबे समय से लगी रही है। ऐसे में अंदरखाने भाजपा इस बात को लेकर खुश हो सकती है कि कम से कम उसका एक दांव तो सफल हुआ। वो पहली बार नंबर के मामले में जेडीयू से आगे जाती दिख रही है। बिहार में भाजपा अगर दूसरी सबसे बड़ी पार्टी बनती है तो नीतीश कुमार के लिए मुश्किल हो सकती है। बिहार की सत्ता में ड्राइवर वाली सीट पर आने के लिए भाजपा काफी दिनों से संघर्ष कर रही है। अब तक वो जदयू के छोटे भाई के तौर पर काम कर रही थी। अगर नंबर के मामले में वो बड़े भाई वाली भूमिका में आई तो वहां की सियासत में बड़ा बदलाव माना जाएगा। एलजेपी नेता चिराग पासवान के सहारे जेडीयू को किनारे करने का जो दांव बीजेपी ने चला था वो कामयाब होता दिखाई दे रहा है। बिहार में परिणाम और रुझान आने के बीच अलग-अलग पार्टी दफ्तरों और नेताओं के आवास के हाल जुदा हैं। पटना स्थित बीजेपी कार्यालय पर बड़े नेता तो आए लेकिन उन्होंने शुरुआती रुझानों के आधार पर पत्रकारों से बात करने से इनकार कर दिया। राजद ने अपने-नेताओं को संयम में बोलने की हिदायत दी है।