November 23, 2020

साइबेरिया से बड़ी संख्या में केवलादेव राष्ट्रीय उद्यान पहुंचे विदेशी पक्षी

सांध्य ज्योति संवाददाता
जयपुर, 11नवम्बर। भरतपुर स्थित केवलादेव राष्ट्रीय पक्षी उद्यान में साइबेरिया से ग्रे लेग पक्षी बड़ी संख्या में पहुंचे हैं। साइबेरिया में इन दिनों हाड़ जमा देने वाली ठंड पड़ रही है।
साइबेरिया में औसतन तापमान माइनस बीस रहता है। ऐसे में तेज ठंड से बचने और पेट की आग बुझाने के लिए करीब 7 हजार किलोमीटर का सफर तक कर ग्रे लेग पक्षी केवलादेव में पहुंचे हैं। यहां 500 से अधिक पक्षी पहुंचे हैं और मार्च तक इनके यहीं रहने की उम्मीद है। यहां की ऐंचा घास इन पक्षियों को बेहद पसंद है। इसके अलावा सूखी घास व आसपास के खेतों से गेंहू भी खाते हैं। वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार नवम्बर से पक्षियों का यहां पहुंचना प्रारंभ होता है। ये पक्षी वनस्पति खाते हैं। पिन टेल, शॉब्लर, वर्ड आफ प्रे पक्षी भी बड़ी संख्या में पहुंचे हैं।
भोजन केवलादेव राष्ट्रीय पक्षी उद्यान में पाई जाने वाली ऐंचा घास है। इसके अलावा हाइड्रोला, स्पाइरी डोला, अजोला आदि वनस्पति को बड़े चाव से खाते हैं। यह घास छिछले पानी में पनपती है। मौसम की इस अनुकूलता के कारण ही साइबेरिया से पक्षी भरतपुर के घना में आते हैं। यहां का मौसम और भोजन की उपलब्धता के कारण साइबेरिया से ग्रे लेग गेज सहित तमाम प्रजाति के हजारों पक्षी बरसों से केवलादेव घना में प्रवास के लिए आते रहे हैं।