Tue. Jul 23rd, 2019

होटल-रिसॉर्ट में ऐश कर रहे हैं विधायक

कर्नाटक संकट : विश्वास मत की घोषणा के बाद तीनों दलों की घेराबंदी

बेंगलूरू, 13 जुलाई (एजेंसी)। मुख्यमंत्री एचडी कुमारस्वामी की ओर से विश्वास मत प्रस्ताव लाने की घोषणा के बाद कांग्रेस, जेडीएस गठबंधन व भाजपा ने अपने विधायकों की घेराबंदी प्रारंभ कर दी है। भाजपा ने अपने विधायकों को शहर के ही एक रिजॉर्ट में पहुंचा दिया। कांग्रेस भी सभी विधायकों को बंगलूरू के होटल ताज में ले गई है। जेडी-एस ने विधायकों को शहर के बाहर रिसॉर्ट में व्यवस्था कर दी है। सत्ता पक्ष और विपक्ष ने एक-दूसरे पर विधायकों की खरीद-फरोख्त के अरोप जड रहे हैं। कांग्रेस के 79 विधायकों में से 13 विधायकों ने विधानसभा से अपना इस्तीफा दे दिया है। कांग्रेस ने अपने करीब 50 विधायकों को नगर के बाहरी इलाके स्थित क्लार्क एक्जॉटिका कन्वेंशन रिसॉर्ट भेज दिया है। वहीं सिद्धरमैया, उपमुख्यमंत्री जी. परमेश्वर और अन्य मंत्री नगर स्थित अपने आवास में ठहरे हुए हैं। बेंगलुरू के बाहर और आसपास के इलाके के विधानसभा क्षेत्रों से आने वाले विधायकों को रिसॉर्ट भेजा गया है हालांकि कई विधायक विधानसभा भवन के पीछे सिटी सेंटर स्थित विधान सौध में ठहरे हुए हैं।

विधायकों पर डोरे का आरोप
कांग्रेस प्रवक्ता रवि गौड़ा ने को बताया कि भारतीय जनता पार्टी ने अपने ऑपरेशन कमल के तहत गठबंधन सरकार को अस्थिर करने के लिए पहले ही करीब एक दर्जन विधायकों पर डोरा डाल रखा है। हमने पार्टी के करीब 50 विधायकों को नगर के बाहर क्लार्क एक्जॉटिका कन्वेंशन रिसॉर्ट भेज दिया है। जनता दल सेक्यूलर (जेडीएस) भी नंदी पहाड़ी के समीप गोल्फशायर रिसॉर्ट में अपने करीब 30 विधायकों पर नजर बनाए हुए है। जेडीएस के तीन विधायकों के इस्तीफा देकर छह जुलाई को मुंबई चले जाने के बाद सात जुलाई से ये विधायक रिसॉर्ट में ठहरे हुए हैं। भाजपा के प्रवक्ता जी. मधुसूदन ने बताया कि हमें अपने विधायकों को एक रिसॉर्ट भेजने को बाध्य होना पड़ा है ताकि उनसे एक जगह परामर्श व विचार-विमर्श किया जा सके और उन्हें कांग्रेस व जेडीएस के किसी नेता से बातचीत करने से रोका जा सके।