Wed. Jan 16th, 2019

पुलिस अधीक्षक अब थानों में करेंगे स्टिंग ऑपरेशन

सांध्य ज्योति संवाददाता

जयपुर, 12 जनवरी।  जिला पुलिस अधीक्षकों को अपने क्षेत्राधिकार के पुलिस थानों में माह में कम से कम एक बार स्टिंग ऑपेरशन करने के निर्देश दिए गए हैं। महानिदेशक पुलिस कपिल गर्ग के निर्देश पर मुख्यालय की सतर्कता शाखा ने 7 थानों में डिकॉय ऑपरेशन कर परिवादी के साथ अच्छा व्यवहार करने के साथ ही थानों पर प्रकरण दर्ज करने की कार्यवाही के बारे में परीक्षण किया था। परीक्षण में 7 में से 6 थानों में परिवादियों के साथ उचित व्यवहार पाया गया था लेकिन 5 थानों में वाहन चोरी की एफआईआर दर्ज करने में उदासीनता पायी गयी थी।  अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस सतर्कता गोविन्द गुप्ता ने शुक्रवार को एक आदेश जारी कर सभी रेंज महानिरीक्षक, पुलिस आयुक्त तथा जिला पुलिस अधीक्षकों व पुलिस उपायुक्तों को अपने-अपने क्ष़ेत्राधिकार में माह में कम से कम एक बार आवश्यक रूप से स्टिंग ऑपरेशन के निर्देश दिये है।

अभियोग पंजीबद्ध करना अनिवार्य 

उन्होंने बताया कि संज्ञेय अपराध की सूचना प्राप्त होने के उपरान्त अभियोग पंजीबद्ध करना अनिवार्य है। साथ ही आवश्यकता अनुसार चिकित्सकीय परीक्षण, नाकाबन्दी, मौका निरीक्षण आदि कार्यवाहियां तुरन्त करने के भी निर्देश दिये गये है।  गुप्ता ने बताया कि वाहन चोरी की ई-एफआईआर दर्ज कराने की सुविधा के बारे में व्यापक प्रचार-प्रसार कराने के निर्देश दिये गये है। साथ ही पुलिस थानों पर आने वाले परिवादियों के साथ उचित व्यवहार के लिए भी निर्देशित किया गया है। उन्होंने बताया कि थानों पर एफआईआर दर्ज नहीं करने, नाकाबन्दी, गश्ती दल द्वारा वाहनों से अवैध वसूली आदि सूचनाओं का सत्यापन करने के लिए स्टिंग ऑपरेशन कराने के निर्देश जारी किये गये है।